Learn Basic English Grammar in Hindi (हिंदी में अंग्रेजी व्याकरण सीखें) thumbnail showing English Grammar course for beginners with 100% easy topics, grammar rules, common mistakes, practice exercises, and complete guide to speak fluent English.

Learn Basic English Grammar in Hindi (हिंदी में अंग्रेजी व्याकरण सीखें): 100% आसान Topics | गलतियों से बचें और Fluent English सीखें (A Complete Guide)

Table of Contents

हिंदी में अंग्रेजी व्याकरण सीखें (learn Basic English grammar in Hindi)

दोस्तों, अगर आप अंग्रेजी सीखना चाहते हैं, तो अंग्रेजी व्याकरण (English grammar) को अच्छे से सीखना और जानना बहुत ही आवश्यक है। क्योंकि, अंग्रेजी व्याकरण ही अंग्रेजी सीखने की पहली सीढ़ी है। यहां पर, मैं अंग्रेजी व्याकरण के सभी तथ्यों(facts) और पहलुओं(steps) को अधिक से अधिक सरलतम रूप में और विस्तार से समझाने का प्रयास करूंगा। तो दोस्तों आइए शुरू करें हैं:

अंग्रेजी वर्णमाला English alphabet:

अंग्रेजी वर्णमाला में कुल 26 वर्ण (letter) होते हैं। जिनमें से 21 व्यंजन(consonant) होते हैं, और बाकी शेष 5 स्वर(vowel) वर्ण होते हैं। इन्हीं पांच स्वर वर्णों से अंग्रेजी के सारे स्वरों का निर्माण किया होता है।

Capital letters / uppercase letters (printing): 

A      B      C      D      E      F      G

H      I        J      K      L      M     N

O      P      Q      R      S       T      U

V      W     X      Y      Z

Small letters / lowercase letters (printing): 

a      b      c      d       e       f       g

h      i        j      k       l       m      n

o      p      q      r       s        t       u

v     w       x      y      z

Capital letters / uppercase letters (cursive writing): 

नीचे👇 देखें :

A      B      C      D      E      F      G      

H      I       J       K      L      M     N     

O      P      Q      R      S       T      U    

V      W     X      Y      Z

IMG 20230619 065926

 

Small letters / lowercase letters (cursive writing): 

a        b        c         d

e        f         g         h

i          j         k         l

m       n        o         p

q        r         s         t

u        v        w         x

y        z

 

IMG 20230619 070730

 

 

21 व्यंजन (21 consonants):

B C D F G  J K L M N  P Q R S T  B W X Y Z

5 स्वर वर्ण (5 vowel letters):

A E I O U

नोट: कभी-कभी Y का उपयोग स्वरों के निर्माण में किया जाता है।

नीचे👇 देखें

Screenshot 2023 05 06 00 59 19 39 965bbf4d18d205f782c6b8409c5773a4

 

सभी हिंदी स्वरों का अंग्रेजी में निर्माण English formation of Hindi vowels:

अ     आ      इ        ई        उ       ऊ     ऋ

a    a/aa   i/e  ee/ei/y u/o   oo/u  ri

ए       ऐ    ओ    औ             अं            अ:

e/ai  ai    o  au/ou  ang/an/am   ah

 

नीचे👇 देखें

IMG 20230516 233735

सभी हिंदी व्यंजनों का अंग्रेजी में निर्माण English formation of Hindi consonants:

क          ख            ग            घ           ङ

k/q       kh           g           gh       ng 

च           छ            ज           झ         ञ 

ch       chh         j/z          jh      yan

ट            ठ             ड           ढ         ण 

t            th            d          dh      an 

त            थ             द           ध          न 

t             th         d/th       dh        n

प            फ             ब           भ         म 

P           f/ph          b          bh       m

य             र             ल            व 

y              r             l           v/w

श            ष             स            ह 

sh          sh             s            h

क्ष            त्र             ज्ञ            श्र

ksh        tr            gy          shr            

              ड़              ढ़ 

r             rh

नीचे👇 देखें

IMG 20230517 183747
 
 
 
👉 नोट: जब “अ” स्वर के साथ वर्ण (अर्थात “अ” स्वर के अलावा किसी अन्य स्वर से रहित अक्षर) का निर्माण करना हो, अर्थात वर्ण और “अ” स्वर एक साथ आए, तो वर्ण में a जुड़ जाता है।
जैसे कि:  k + a = ka
             क् + अ= क
 
👉जब अपूर्ण या आधा अक्षर (अर्थात स्वर से रहित वर्ण) का निर्माण करना हो, तो वर्ण के साथ कोई भी स्वर नहीं जुड़ेगा।
जैसे कि: g = ग्
                A+g+ni = अ+ग्+नि = अग्नि
 
 👉जब, पूर्ण अक्षर (अर्थात स्वर सहित वर्ण) का निर्माण करना हो, तो वर्ण के साथ स्वर जोड़ दिया जाता है।
जैसे कि: g+a=ga = ग्+अ=ग
 ख्+अ+ग्+अ = ख+ग = खग
  kh+a+g+a = kha+ga = khag
 
 👉ध्यान दें: अंग्रेजी में अंतिम अक्षर के लिए “अ” स्वर का लोप हो जाएगा। अतः khaga के बजाय khag होगा।
 
इसी प्रकार निम्नलिखित को भी समझें:
k +  l    =  kl           a+k+l = akl
क् + ल्  = क्ल          अ+क्+ल्= अक्ल
 
 

वर्ण और अक्षर में अंतर difference between a character and a letter:


“वर्ण” में केवल एक ही प्रकार की ध्वनि होती है। “वर्ण” स्वर से रहित होता है।
 
जबकि,अक्षर में एक से अधिक ध्वनियां समाहित होती हैं। वर्ण और स्वर के योग से “अक्षर” का निर्माण होता है। अर्थात्    “वर्ण+स्वर=अक्षर”
 
जैसे कि:
क् ख् ग् वर्ण हैं।
जबकि, क ख ग अक्षर हैं।
क् + अ = क क् + आ = का
ख् + अ = ख ख् + आ = खा

Cursive English writing strokes:

नीचे 👇 cursive writing strokes दिए गए हैं। इनका अभ्यास करने से कर्सिव राइटिंग के अभ्यास में मदद मिलती है।

IMG 20230619 074944

विराम चिन्ह punctuation marks:

किसी भी बात अथवा कथन(statement) को लिखते समय विराम चिन्हों (punctuation marks) का अत्यधिक महत्व होता है। विराम चिन्हों के उचित प्रयोग से ही किसी कथन का उचित और सही भाव व तात्पर्य प्रकट होता है। कथन को लिखते वक्त प्रयोग किए गए विराम चिन्हों के प्रयोग करने के तरीके से कथन का अर्थ बदल जाता है। यदि कथन को लिखते वक्त विराम चिन्हों का गलत प्रयोग किया जाता है, तो अर्थ का अनर्थ हो सकता है।

जैसे कि दोस्तों नीचे दिए गए दोनों वाक्यों को ध्यान से पढ़िए।

 रुक, मत जा।[रुकने के लिए बोला जा रहा है]

रुक मत, जा।[ना रुकने के लिए बोला जा रहा है]

दोस्तों, उपरोक्त वाक्यों को पढ़ने के बाद आपको समझ आ गया होगा कि गलत विराम चिन्ह के प्रयोग के कारण किस प्रकार अर्थ का अनर्थ हो सकता है।

अतः विराम चिन्हों के सही प्रयोग की जानकारी होना परम आवश्यक है। तो दोस्तों, आइए विराम चिन्हों के प्रयोग के बारे में अच्छे से समझते हैं:

(1). Question mark (?) प्रश्नवाचक चिन्ह:

प्रश्नवाचक वाक्य के अंत में प्रश्नवाचक चिन्ह का प्रयोग किया जाता है। जैसे कि:

What is your name?

आपका नाम क्या है?

who are you?

आप कौन हो?

(2). Exclamation mark (!) विस्मयादिबोधक चिन्ह/विस्मयकारी चिन्ह:

हमारे मन में अचानक(sudden) उत्पन्न हुए भावों (भावनाओं या विचारों) [emotions \thoughts] जैसे कि खुशी, गम(दुख), आश्चर्य, घृणा, नाराजगी, श्राप, शाबाशी, दुआ, आशीर्वाद इत्यादि को व्यक्त करने वाले वाक्यों के अंत में विस्मयादिबोधक चिन्ह का प्रयोग किया जाता है। जैसे कि:

My God !        मेरे राम !

How sad !       कितने दुख की बात !

Marvelous !     बहुत बढ़िया !

Well done !      शाबाश !

Go to hell !       नरक में जाओ !

God bless you !भगवान आप को आशीर्वाद दें !

Congratulations !       बधाई हो !

(3). Full stop (.) पूर्ण विराम:

पूर्ण विराम का प्रयोग ऐसे अंग्रेजी वाक्यों के अंत में किया जाता है, जो कि ना तो प्रश्नवाचक वाक्य हो, और ना ही विस्मयादिबोधक वाक्य हो, और उनमें बात खत्म हो गई हो। अर्थात् पूर्ण विराम का अर्थ है- बात खत्म। जैसे कि:

Ayansh takes a bath daily.

अयांश रोज नहाता है।

Kishan does not talk to me.

किशन मुझ से बात नहीं करता है।

पूर्ण विराम का प्रयोग बड़े शब्दों के संक्षिप्तीकरण (abbreviation) में भी किया जाता है। जैसे कि:

M.P.  –  member of parliament

B.A.  –  bachelor of arts

e.g.   –  exempli gratia (means “for               example”)

i.e.   –   id est (means “that is”)

etc.  –  etcetera (means “इत्यादि”)

(4). Comma (,) अल्प विराम:

जब किसी कथन या वाक्य को बोलते समय जरा सा रुकना पड़े, तो अल्पविराम का उपयोग किया जाता है। जैसे कि:

Mohan, come here.

मोहन, यहां आओ।

Stop, don’t go.

रुको, मत जाओ।

जब कई वस्तुओं की सूची बनानी हो, तो अल्पविराम का उपयोग किया जाता है। जैसे कि:

I saw many animals such as elephant, dear, lion etc.

मैंने बहुत से जानवर जैसे कि हाथी, हिरण, शेर इत्यादि देखे।

(5). Quotation mark ( “   ” ) उद्धरण चिन्ह:

जब किसी की कही गई बात को बिना कोई परिवर्तन किए ज्यों का त्यों लिखना हो, तो उद्धरण चिन्ह का उपयोग किया जाता है। अर्थात किसी के द्वारा कहे गए कथन या वाक्य को उद्धरण चिन्ह के अंदर लिखा जाता है। हमेशा ध्यान रखें कि, उद्धरण चिन्ह को शुरुआत में(“) और अंत में (”)  बनाने का तरीका अलग-अलग होता है। जैसे कि:

Ram said me, “I will not talk to you”.

राम ने मुझसे कहा, “मैं तुमसे बात नहीं करूंगा”।

(6). Colon (:) जैसे कि: 

जब कथन में वर्णित व्यक्तियों, वस्तुओं या जगहों  की सूची के बारे में बताया जाता है, तो कोलन का उपयोग किया जाता है। अतः कोलन का अर्थ होता है-“जैसे कि”।  जैसे कि:

I met many people: Ram, Shyam, Praveen.

मैं बहुत से लोगों जैसे कि राम, श्याम और प्रवीण से मिला।

(7). Semicolon (;) अर्द्ध विराम:

जब, कथन में ऐसी चीजों की सूची के बारे में बताया जाता है, जहां अल्पविराम का उपयोग प्रत्येक में पहले ही किया जा चुका है, तो उस सूची में परस्पर एक-दूसरे को पृथक करने के लिए अर्द्ध विराम का उपयोग किया जाता है। जैसे कि:

The function will be organised on following dates: 12 January, 2021; 13 January, 2021; 14 January, 2021; 15 January, 2021.

(8). Apostrophe (‘) वर्णलोप का चिन्ह व संबंध कारक का चिन्ह: 

इसका उपयोग बहुत से उद्देश्य के लिए किया जाता है:

👉Apostrophe (‘)  का उपयोग किसी व्यक्ति या वस्तु का स्वामित्व दिखाने के लिए, लुप्त संख्याओं या अक्षरों को प्रदर्शित या निरूपित करने के लिए और शब्दों को संकुचित करने के लिए किया बहुतायत से किया जाता है। जैसे कि:

Ram’s sister             of Ram

I was born in ’82.       1982

o’er                                over

I’m                                 I am

I’ve                                 I have

नोट: इस बात का ध्यान हमेशा रखें कि जहां से अक्षर या संख्या का लोप होगा, वहीं पर Apostrophe (‘) आएगा और चाहे कितने ही अक्षरों या कितनी ही संख्याओं का लोप हो, मात्र एक ही Apostrophe (‘) आएगा।

👉अंग्रेजी में किन्ही दो चीजों का आपस में संबंध बताने के लिए, अर्थात पजेशन (possession) के लिए इस चिन्ह का प्रयोग किया जाता है।

जैसे कि:

Ram’s pen.    राम का पेन

Mohan’s sister.    मोहन की बहन

Book’s cover.      किताब का कवर

नोट: हमेशा ध्यान रखें कि किसी बहुवचन शब्द(जिसके अंत में s जुड़ा हुआ हो) के साथ और कोई ऐसा शब्द जिसके साथ पहले से ही अंत में s जुड़ा हुआ हो, तो उसके साथ ‘s नहीं, अपितु मात्र ( ‘ ) ही लगाते हैं जैसे कि:

Books’ pages किताबों के पन्ने

Kayas’ book महेश की किताब

👉अंग्रेजी में किन्हीं दो शब्दों को एक शब्द बनाने के लिए भी इस चिंह का प्रयोग किया जाता है। लेकिन शर्त यह है, कि उन दोनों शब्दों में से एक शब्द या तो कोई सहायक क्रिया होना चाहिए, अथवा नॉट (Not) होना चाहिए। अतः अंग्रेजी में संक्षिप्तीकरण (contractions) को बनाने के लिए इस चिन्ह का उपयोग किया जाता है। जैसे कि:

are+not=aren’t

was+not=wasn’t

will+not=won’t

can+not=can’t

It+is=It’s

नोट: Its=इसका

(‘) या ‘s के प्रयोग के नियम rules for the use of Apostrophe(‘) or Apostrophe “s” (‘s) :

👉  ऐसी संज्ञाएं (nouns) जिनको उच्चारण करते वक्त उनके अंत में हिसिंग (hissing) की आवाज आती हो, उनके साथ का (‘s) नहीं, अपितु केवल (‘) का ही उपयोग किया जाता है। जैसे कि:

Ramesh’ pen  रमेश का पेन

Suresh’ mother   सुरेश की मम्मी

👉   सामान्यतः निर्जीव वस्तुओं के साथ Apostrophe का उपयोग नहीं किया जाता है। जबकि प्राकृतिक निर्जीव(बेजान) वस्तुओं के साथ Apostrophe का उपयोग किया जाता है। जैसे कि :

Moon’s light

Earth’s atmosphere

The leg of chair

👉   यदि एक से अधिक संज्ञाएं या सर्वनाम अलग-अलग वस्तुओं का स्वामित्व दिखाती हैं, तो उन सभी संज्ञाओं या सर्वनामों के लिए एपॉस्ट्रॉफी का उपयोग कर सकते हैं। लेकिन, यदि एक से अधिक संज्ञा या सर्वनाम किसी एक ही वस्तु के स्वामित्व को दिखाती हैं, तो बाद वाली संज्ञा या सर्वनाम के अंत में ‘s का प्रयोग किया जाता है।

जैसे कि:

Ramesh’ father, Suresh’ mother and Mohan’s sister will come here.

रमेश के पापा, सुरेश की मम्मी और मोहन की बहन यहां आएगी।

Ramesh, Suresh and Mohan’s parent will come here.

रमेश, सुरेश और मोहन के माता-पिता यहां आएंगे।

कुछ उदाहरण Some examples:

निम्नलिखित वाक्यों और उपवाक्यों को पढ़ें और  Apostrophe (‘) के उपयोग को अच्छे से समझें:

👉 Today is my grandparent’s 55th marriage anniversary.

👉 You’re my best friend.

👉 I’m your best friend.

👉 Don’t jump o’er the dog.

👉 I am living in Delhi since ’95.

👉 The number 786’s importance is most popular in the Muslims.

👉 In the numeral 12322627, 2s are 4 times.

👉 We must Understand time’s importance.

👉 Today, I saw a 85 years old’s man.

नीचे 👇 देखें

IMG 20230515 002047

वाक्य के प्रकार types of sentence:-

वाक्यों को निम्नलिखित दो प्रकार से वर्गीकृत किया जा सकता है:

१.वर्गीकरण(classification)-l:

1.कथनवाचक/स्वीकारात्मक वाक्य assertive/declarative sentence:-

जब कोई कथन कहा जाता है, चाहे वह सकारात्मक हो अथवा नकारात्मक, तो ऐसा वाक्य कथनवाचक अथवा सकारात्मक वाक्य होता है। जैसे कि:

He is Salman.

वह सलमान है।

She is not Rani.

वह रानी नहीं है।

Mohan beats me.

मोहन मुझे पीटता है।

Karan does not study.

करण पढ़ाई नहीं करता है।

I am Rahul.

मैं राहुल हूं।

2.प्रश्नवाचक वाक्य interrogative sentence:- 

जब कोई प्रश्न किया जाता है, तो ऐसा वाक्य प्रश्नवाचक वाक्य होता है। जैसे कि:

Who is he?

वह कौन है?

Who did come here?

यहां कौन आया ?

Why do you not study?

तुम पढ़ाई क्यों नहीं करते हो?

3.आज्ञावाचक वाक्य imperative sentence:- 

जब किसी को कोई आज्ञा दी जाए अर्थात किसी को कुछ करने अथवा ना करने के लिए कहा जाए, तो ऐसा वाक्य आज्ञावाचक वाक्य होता है। जैसे कि:

Come here.

यहां आओ।

Don’t go there.

वहां मत जाओ।

Do your work.

अपना काम करो।

Let me go.

मुझे जाने दो।

4.विस्मयादिबोधक वाक्य exclamatory sentence:-

ऐसे वाक्य जो कि हमारे मन में अचानक उत्पन्न होने वाले भावों अर्थात आश्चर्य, सुख-दुख, राग-द्वेष, प्रसन्नता, आशीर्वाद, दुआ, बद्दुआ आदि को प्रकट करें, ऐसे वाक्य विस्मयादिबोधक वाक्य होते हैं। जैसे कि:

May god bless you!

ईश्वर आपको आशीर्वाद दे!

Go to hell!

नरक में जाओ!

What a pretty girl!

कितनी प्यारी लड़की!

So sad!

कितना दुखद!

Wow!

वाह!

Well done!

बहुत अच्छा किया!

२.वर्गीकरण(classification)-ll:

1.सकारात्मक वाक्य affirmative sentence:-

ऐसे वाक्य जिनमें किसी बात को सकारात्मक रूप में(positively) बोला जाता है। अर्थात् ना तो कोई प्रश्न(question) किया जाता है, और ना ही किसी बात की मनाही (prohibition) की जाती है, सकारात्मक वाक्य कहलाते हैं।

जैसे कि:

Ram goes to market.

राम बाजार जाता है।

Mohan is my brother.

मोहन मेरा भाई है।

Sita is a teacher.

सीता एक अध्यापिका है।

There is an elephant.

वहां एक हाथी है।

I get up early in the morning.

मैं सुबह जल्दी उठता हूं।

She met me.

वह मुझसे मिली।

2.नकारात्मक वाक्य negative sentence:-

ऐसे वाक्य जिनमें किसी बात की मनाही की जाती है। अर्थात “नहीं”(not) शब्द का उपयोग किया जाता है, वे वाक्य नकारात्मक वाक्य होते हैं। जैसे कि:

Ram does not go to market.

राम बाजार नहीं जाता है।

He is not a scientist.

वह एक वैज्ञानिक नहीं है।

Ramu did not go there.

रामू वहां नहीं गया।

Ram has not finished his work.

राम ने अपना काम समाप्त नहीं किया है।

You are not a good girl.

तुम एक अच्छी लड़की नहीं हो।

He was not a doctor.

वह एक चिकित्सक नहीं था।

We will not go there.

हम वहां नहीं जाएंगे।

3.प्रश्नवाचक वाक्य interrogative sentence:-

ऐसे वाक्य जिनमें कोई प्रश्न किया जाता है। अर्थात “प्रश्नवाचक शब्द” का उपयोग किया जाता है, प्रश्नवाचक वाक्य कहलाते हैं। जैसे कि:

Does Ram go to market?

क्या राम बाजार जाता है?

Where does Ram go?

राम कहां जाता है?

What is doing Mohan?

मोहन क्या कर रहा है ?

Whom will meet Ram?

राम किस से मिलेगा ?

Did she watch me?

क्या उसने मुझे देखा ?

May you help me, please!

कृपया, क्या आप मेरी मदद कर सकते हो?

Should we go there?

क्या हमें वहां जाना चाहिए?

4.नकारात्मक-प्रश्नवाचक वाक्य negetive-interrogative sentence:-

ऐसे वाक्य जिनमें नकारात्मक भाव में कोई प्रश्न किया जाता है। अर्थात “प्रश्नवाचक शब्द” और “नहीं” शब्द दोनों का ही उपयोग किया जाता है, नकारात्मक प्रश्नवाचक वाक्य कहलाते हैं। जैसे कि:

Does Ram not go to market?

क्या राम बाजार नहीं जाता है?

Where does Ram not go?

राम कहां नहीं जाता है?

Should we not go there?

क्या हमें वहां नहीं जाना चाहिए?

Did she not watch me?

क्या उसने मुझे नहीं देखा?

Does Ram not go to office daily?

क्या राम रोज ऑफिस नहीं जाता है?

Will Ram not meet to Mohan?

क्या राम कौन से नहीं मिलेगा?

Where should we not go there?

हमें कहां नहीं जाना चाहिए?

Who cannot jump over the rope?

रस्सी के ऊपर होकर कौन नहीं कूद सकता है?

 

नीचे 👇 देखें

IMG 20230515 011943

वाक्य के तीन मुख्य अंग (3 main part of a sentence):

वैसे तो किसी वाक्य के 8 अंग होते हैं, जिन्हें part of speech बोला जाता है। लेकिन फिलहाल यहां मुख्य रूप से एक वाक्य के निम्नलिखित तीन अंगों को समझें:

1. कर्ता (subject):

कार्य को करने वाला कर्ता होता है। अर्थात जिसके द्वारा कार्य को किया जाता है। जैसे कि:

Ram Is going to market.

राम बाजार जा रहा है।

यहां पर बाजार जाने का कार्य “राम” के द्वारा किया जा रहा है। अतः राम “कर्ता” होगा।

It is raining.

बारिश हो रही है।

It is Monday today.

आज सोमवार है।

जब किसी वाक्य(sentence) में कर्ता(subject) अनुपस्थित होता है, तो ऐसे वाक्यों में कर्ता के तौर पर it या this जैसे शब्दों का प्रयोग किया जाता है।

2. कर्म (object): 

कर्ता के द्वारा किए गए कार्य का प्रभाव जिस किसी वस्तु पर पड़ता है उसे कर्म कहते हैं। जैसे कि:

Ram is going to market.

राम बाजार जा रहा है।

यहां पर “राम” के द्वारा जो कार्य किया जा रहा है उस कार्य का प्रभाव “मार्केट”(market) पर पढ़ रहा है। इसलिए “मार्केट” कर्म होगा।

Ravi is writing a letter with a pen.

रवि पेन से एक पत्र लिख रहा है।

यहां पर “रवि” के द्वारा लिखने का जो कार्य किया जा रहा है, उस कार्य का प्रभाव “पेन”(pen) और “पत्र”(letter) दोनों पर पड़ रहा है। अतः पेन और पत्र दोनों ही कर्म होंगे।

3. क्रिया(verb): 

कर्ता के द्वारा जो कार्य किया जाता है, वही क्रिया होती है। जैसे कि:

Ram is going to market.

राम बाजार जा रहा है।

यहां पर राम के द्वारा जाने का कार्य किया जा रहा है। “जाना” शब्द क्रिया होगा।

Mohan is teaching his students.

मोहन अपने विद्यार्थियों को पढ़ा रहा है।

यहां पर मोहन के द्वारा पढ़ाने का कार्य किया जा रहा है। अतः “पढ़ाना” शब्द क्रिया होगी।

नीचे 👇 देखें

IMG 20230515 015256

तीन प्रकार के निजवाचक(व्यक्ति वाचक ) सर्वनाम (three types of personal pronoun):

तीन प्रकार के व्यक्ति वाचक सर्वनाम (personal pronoun) के बारे में समझे:

1. First person(प्रथम पुरुष):

स्वयं को संबोधित करने के लिए जो भी शब्द उपयोग किए जाते हैं, वह सभी शब्द प्रथम पुरुष के अंतर्गत आते हैं। जैसे कि: I, We

प्रथम पुरुष दो प्रकार के होते हैं:

१.Singular pronoun(एकवचन सर्वनाम):

जब कर्ता संख्या में एक होता है, तो वह एकवचन सर्वनाम कहलाता हैं। जैसे कि: I

२.plural pronoun(बहुवचन सर्वनाम):

जब कर्ता संख्या में एक से अधिक होते हैं, तो वह बहुवचन सर्वनाम कहलाता है। जैसे कि: We

2. Second person(द्वितीय पुरुष):

सामने वाला व्यक्ति, जिससे हम बात करते हैं, उसको संबोधित करने के लिए जो भी शब्द उपयोग किए जाते हैं, वह सभी शब्द द्वितीय पुरुष के अंतर्गत आते हैं। जैसे कि: thou,you

द्वितीय पुरुष दो प्रकार के होते हैं:

१.Singular pronoun(एकवचन सर्वनाम):

जब कर्ता संख्या में एक होता है, तो वह एकवचन सर्वनाम कहलाता हैं। जैसे कि: thou(तुम)

२.plural pronoun(बहुवचन सर्वनाम):

जब कर्ता संख्या में एक से अधिक होते हैं, तो वह बहुवचन सर्वनाम कहलाता है। जैसे कि: you

3. Third person(तृतीय पुरुष):

तीसरा व्यक्ति जिसके बारे में हम बात करते हैं, उसको संबोधित करने के लिए जो भी शब्द उपयोग किए जाते हैं, वह सभी शब्द तृतीय पुरुष के अंतर्गत आते हैं। जैसे कि: he, she, it, name, this, that, these, those, they etc .

प्रथम पुरुष दो प्रकार के होते हैं:

१.Singular pronoun(एकवचन सर्वनाम):

जब कर्ता संख्या में एक होता है, तो वह एकवचन सर्वनाम कहलाता हैं। जैसे कि: he, she, it, name, this, that

२.plural pronoun(बहुवचन सर्वनाम):

जब कर्ता संख्या में एक से अधिक होते हैं, तो वह बहुवचन सर्वनाम कहलाता है। जैसे कि: these, those, they

दो प्रकार की क्रियाएं (two types of verb):

दो प्रकार की क्रियाओं(verbs) को समझें:

1. मुख्य क्रिया(main verb):

मुख्य क्रिया कर्ता के बारे में जानकारी देती है। अर्थात कर्ता के कार्य(work),स्थिति(position) और अवस्था(state) के बारे में बताती है।

जैसे कि:

Ram is eating food.

राम खाना खा रहा है।

यहां पर मुख्य क्रिया “eating” है जो कि कर्ता के कार्य की जानकारी दे रही है।

Sita taught me.

सीता ने मुझे पढ़ाया।

यहां पर सीता के द्वारा “पढ़ाने” का कार्य किया गया है। अतः “पढ़ाना” मुख्य क्रिया होगी।

2. सहायक क्रिया(helping verb/ auxiliary verb):

सहायक क्रिया समय(time) के बारे में जानकारी देती है। अर्थात सहायक क्रिया यह बताती है कि कोई कार्य किस समय में किया गया है, अथवा किस समय में किया जा रहा है। जैसे कि:

Ram is eating food.

राम खाना खा रहा है।

यहां पर सहायक क्रिया “is” है जो की समय की जानकारी दे रही है। अर्थात बता रही है कि कार्य “वर्तमान काल” में हो रहा है।

Mahan was going to market.

मोहन बाजार जा रहा था।

यहां पर सहायक क्रिया was है। यहां सहायक क्रिया से हमको पता लगता है कि कार्य भूतकाल में हो रहा था।

नीचे 👇 देखें

IMG 20230515 015256

मुख्य क्रिया के पांच रूप व उनके अर्थ (5 forms of main verb & their meanings):

जैसा कि आपको पहले ही बताया जा चुका है कि मुख्य क्रिया के 5 रूप होते हैं:

1. First form (प्रथम रूप)

2. Second form (द्वुतीय रूप)

3. Third form (तृतीय रूप)

4. “ing” form (ing रूप)

5. “s/es” form (s/es रूप)

दोस्तों, आइए अब मुख्य क्रिया के इन पांचों रूपों के अर्थ को समझते हैं:

1. First form (प्रथम रूप)

First form (प्रथम रूप) से तात्पर्य है “किसी कार्य को करना अथवा किसी कार्य का होना।”

2. Second form (द्वुतीय रूप)

Second form (द्वुतीय रूप) से तात्पर्य है “कोई कार्य किया अथवा कोई कार्य हुआ।”

3. Third form (तृतीय रूप)

Third form (तृतीय रूप) से तात्पर्य है “कोई कार्य कर दिया या कोई कार्य हो चुका अथवा कोई कार्य हो गया या कोई कार्य हो चुका।

अर्थात किसी कार्य को समाप्त करना या किसी कार्य का समाप्त होना।”

4. “ing” form (ing रूप)

“ing” form (ing रूप) से तात्पर्य है “किसी कार्य को लगातार करना अथवा किसी कार्य का लगातार होना।”

5. “s/es” form (s/es रूप) 

“s/es” form (s/es रूप) से तात्पर्य है “किसी कार्य को किया जाता है अथवा कोई कार्य होता है।”

नीचे 👇 देखें

Screenshot 2023 05 06 00 50 37 04 965bbf4d18d205f782c6b8409c5773a4 4

Parts of Speech (शब्द-भेद): शब्द-भेद (भाषा/भाषण/कथन/वाक्य के अंग)

पार्ट्स ऑफ स्पीच (Parts of Speech) को हिंदी में “शब्द भेद” कहा जाता है। हिंदी में कुल आठ प्रकार के शब्द भेद होते हैं। जब किसी वाक्य के सभी शब्दों को अलग-अलग वर्गीकृत किया जाता है, तो इसी को शब्द-भेद(parts of speech) कहा जाता है। यह व्याकरण का एक महत्वपूर्ण अध्याय है।

अर्थात्

Parts of Speech (शब्द भेद) वे शब्दों की श्रेणियाँ हैं जो वाक्य में उनके कार्य (function) के आधार पर निर्धारित की जाती हैं। अंग्रेज़ी में Parts of speech को मुख्यतः कुल आठ(8) भागों मे बांटा गया है, जो इस प्रकार है:-

1.Noun(संज्ञा)

2.Pronoun(सर्वनाम)

3.Adjective(विशेषण)

4.Verb(क्रिया)

5.Adverb(क्रियाविशेषण)

6.Preposition(सम्बंधसूचक अव्यय/पूर्वसर्ग)

7.Conjunction(समुच्यबोधक/संयोजक)

8.Conjunction(विस्मयादिबोधक)

नीचे 👇 देखें

IMG 20240224 171207

 

आईए जानते हैं, Parts of Speech का सबसे सरल और व्यावहारिक सार, जो कि दैनिक अंग्रेज़ी सीखने के लिए पर्याप्त है:-

 

1. Noun (संज्ञा)

Definition: Name of a person, place, thing, or idea.

किसी व्यक्ति, स्थान, वस्तु या भाव के नाम को संज्ञा कहते हैं। अर्थात, “चाहे किसी का भी नाम हो, चाहे वह सजीव हो या निर्जीव हो, या मन का भाव हो”, संज्ञा कहलाता है। अतः “संज्ञा अर्थात किसी को संबोधित करने के लिए पुकारा गया उसका नाम”।

 

Examples:

Ram = राम

Delhi = दिल्ली

Book = पुस्तक

Water = पानी

Love = प्रेम

 

Sentence Examples:

Ram reads a book.

राम एक पुस्तक पढ़ता है।

Ram is a student.

राम एक विद्यार्थी है।

Delhi is the capital of India.

दिल्ली भारत की राजधानी है।

 

2. Pronoun (सर्वनाम)

Definition: A word used instead of a noun.

जो शब्द संज्ञा के स्थान पर प्रयोग होते हैं। अर्थात किसी को भी संबोधित करने के लिए हम उसके नाम (अर्थात संज्ञा) के स्थान पर जो भी शब्द प्रयोग करते हैं, वे सभी शब्द सर्वनाम कहलाते हैं। अतः “मैं, हम, तुम, यह, वह, वो, वे” आदि शब्द सर्वनाम होते हैं।

 

Examples:

I = मैं

You = तुम/आप

He = वह

She = वह

They = वे

 

Sentence Examples:

Ram is a labour. He works hard.

राम श्रमिक है। वह मेहनत से काम करता है।

Ram is a student. He studies hard.

राम एक विद्यार्थी है। वह बहुत मेहनत से अध्ययन करता है।

She is my friend.

वह मेरी दोस्त है।

 

3. Verb (क्रिया)

Definition: A word showing action or state.

जो शब्द किसी कार्य, अवस्था या घटना को बताते हैं। अर्थात किसी कार्य का करना या होना क्रिया कहलाता है।

 

Examples:

Eat = खाना

Run = दौड़ना

Write = लिखना

Sleep = सोना

Speak = बोलना

 

Sentence Examples:

She writes a letter.

वह एक पत्र लिखती है।

I play cricket.

मैं क्रिकेट खेलता हूं।

She is happy.

वह खुश है।

 

4. Adjective (विशेषण)

Definition: A word that describes a noun or pronoun.

जो शब्द संज्ञा या सर्वनाम की विशेषता बताते हैं। अर्थात वे शब्द जो कि किसी संज्ञा या सर्वनाम के बारे में अतिरिक्त जानकारी देते हैं, विशेषण कहलाते हैं।

 

Examples:

Beautiful = सुंदर

Tall = लंबा

Small = छोटा

Red = लाल

Intelligent = बुद्धिमान

 

Sentence Examples:

It is a red flower.

यह एक लाल फूल है।

He is a tall boy.

वह लंबा लड़का है।

This is a beautiful flower.

यह एक खूबसूरत फूल है।

 

5. Adverb (क्रिया-विशेषण)

Definition: A word that modifies a verb, adjective, or another adverb.

जो क्रिया, विशेषण या दूसरे Adverb की विशेषता बताते हैं। अर्थात वे शब्द जो की किसी क्रिया या विशेषण या किसी अन्य क्रिया क्रिया-विशेषण की विशेषता बताते हैं, या इनके बारे में अतिरिक्त जानकारी देते हैं, क्रिया विशेषण कहलाते कहलाते हैं।

 

Examples:

Quickly = जल्दी

Slowly = धीरे

Carefully = सावधानी से

Very = बहुत

Well = अच्छी तरह

 

Sentence Examples:

He walks slowly.

वह धीरे-धीरे चलता है।

He runs quickly.

वह तेज/जल्दी से भागता है।

She is very intelligent.

वह बहुत होशियार है।

 

6. Preposition (संबंधबोधक अव्यय/संबंधसूचक अव्यय)

Definition: Shows relation between words.

वे शब्द, जो संज्ञा या सर्वनाम और वाक्य के अन्य शब्दों के बीच संबंध दिखाते हैं। अर्थात वे शब्द जो कि किसी एक संज्ञा या सर्वनाम का संबंध वाक्य में उपस्थित किसी दूसरे संज्ञा या सर्वनाम से बताते हैं, संबंधबोधक अव्यय कहलाते हैं।

 

Examples:

In = में

On = पर

Under = नीचे

Behind = पीछे

Between = के बीच

 

Sentence Examples:

The ball is under the bed.

गेंद बेड के नीचे है।

The book is on the table.

किताब मेज पर है।

He lives in Mumbai.

वह मुंबई में रहता है।

 

7. Conjunction (समुच्चयबोधक अव्यय/समूहबोधक अव्यय)

Definition: Joins words, phrases, or sentences.

वे शब्द, जो दो शब्दों, वाक्यांशों या वाक्यों को जोड़ते हैं। अर्थात वे शब्द जो कि दो शब्दों, वाक्यांशों या वाक्यों को जोड़कर वाक्य को छोटा बना देते हैं, समुच्चयबोधक अव्यय कहलाते हैं।

 

Examples:

And = और

But = लेकिन

Or = या

Because = क्योंकि

Although = यद्यपि

 

Sentence Examples:

I am tired, but I will work.

मैं थका हूँ, लेकिन काम करूँगा।

Ram and Shyam are friends.

राम और श्याम दोस्त हैं।

I tried hard, but I failed.

मैंने बहुत कोशिश की, लेकिन मैं असफल रहा।

 

8. Interjection (विस्मयादिबोधक)

Definition: Expresses sudden emotion.

वे शब्द, जो कि अचानक उत्पन्न भावनाओं को व्यक्त करते हैं। अर्थात हमारे मन में अचानक उत्पन्न होने वाली भावनाओं या विचारों जैसे कि खुशी, शोक, आश्चर्य, श्राप, दुआ, बददुआ आदि को व्यक्त करने वाले शब्द विस्मयादिबोधक अव्यय कहलाते हैं।

 

Examples:

Wow! = वाह!

Alas! = हाय!

Hurrah! = हुर्रे!

Oh! = ओह!

Bravo! = शाबाश!

 

Sentence Examples

Hi! You are so cute.

अरे! तुम कितनी अहो हो.

Wow! What a beautiful view.

वाहा! कितना अच्छा नजारा है।

Alas! He is no more.

ओह! वह अब नहीं रहा।

Sentence Examples Containing All Parts of Speech:

✓One Complete Example containing all parts of speech:-

निम्नलिखित इस एक वाक्य में लगभग सभी Parts of Speech दिखाई देते हैं।

Sentence example (उदाहरण वाक्य):

English:

“Wow! Ram quickly runs to the beautiful park because he loves nature.”

Hindi:

“वाह! राम जल्दी सुंदर पार्क की ओर दौड़ता है क्योंकि वह प्रकृति से प्रेम करता है।”

Where:-

“Wow” is an Interjection

“Ram” is a Noun

“Quickly” is an Adverb

“Runs” is a Verb

“Beautiful” is an Adjective

“Park” is a Noun

“Because” is a Conjunction

“He” is a Pronoun

“Loves” is a Verb

“Nature” is a Noun

 

✓Another Complete Example containing all parts of speech:-

निम्नलिखित इस एक वाक्य में लगभग सभी Parts of Speech दिखाई देते हैं।

Sentence example (उदाहरण वाक्य):

English:

“The smart boy quickly ran to school and he won the race. Wow!”

Hindi:

“होशियार लड़का जल्दी से स्कूल की तरफ दौड़ा और रेस जीत गया। वाह!”

Where:-

“Wow” is an Interjection

“boy” is a Noun

“Quickly” is an Adverb

“ran” is a Verb

“smart” is an Adjective

“school” is a Noun

“and” is a Conjunction

“He” is a Pronoun

“won” is a Verb

“race” is a Noun

 

Parts of Speech (शब्द भेद) – At a glance [In Brief]–

आईए शब्द-भेद(parts of speech) के 8 प्रकारों को थोड़ा संक्षेप में जानते हैं:
 

संज्ञा (Noun): –

किसी व्यक्ति, स्थान, वस्तु या भाव के नाम को संज्ञा कहते हैं।
 
उदाहरण:
राम, दिल्ली, किताब, खुशी
 

सर्वनाम (Pronoun): –

संज्ञा के स्थान पर प्रयोग किए जाने वाले शब्द सर्वनाम कहलाते हैं।
 
उदाहरण:
वह, तुम, हम, ये, वे
 

विशेषण (Adjective): –

संज्ञा या सर्वनाम की विशेषता बताने वाले शब्द विशेषण कहलाते हैं।
 
उदाहरण:
बड़ा घर, मीठा आम, सुंदर लड़की
 

क्रिया (Verb): –

किसी कार्य के होने या करने को दर्शाने वाले शब्द क्रिया शब्द कहलाते हैं।
 
उदाहरण:
खेलना, पढ़ना, सोना, खाना
 

क्रिया विशेषण (Adverb): –

क्रिया, विशेषण या अन्य क्रिया विशेषण की विशेषता बताने वाले शब्द क्रिया विशेषण कहलाते हैं।
 
उदाहरण:
तेज दौड़ना, बहुत अच्छा, धीरे बोलना
 

संबंधबोधक (Preposition): –

शब्दों के बीच संबंध स्थापित करने वाले शब्द संबंधबोधक कहलाते हैं।
 
उदाहरण:
के नीचे, के ऊपर, के पास, के लिए
 

संयोजक (Conjunction): –

दो शब्दों, वाक्यों या वाक्यांशों को जोड़ने वाले शब्द संयोजक कहलाते हैं।
 
उदाहरण:
और, लेकिन, क्योंकि, अथवा
 

विस्मयादिबोधक (Interjection): –

अचानक उत्पन्न होने वाली भावनाओं को व्यक्त करने वाले शब्द विस्मयादिबोधक कहलाते हैं।
 
उदाहरण:
अरे!, वाह!, ओह!, हाय!
 
ये हिंदी के आठ प्रमुख शब्द भेद हैं, जो वाक्यों की संरचना और भाषा को स्पष्ट बनाने में मदद करते हैं।

 

आईए संक्षिप्त में इन सभी पार्ट्स ऑफ स्पीच के बारे में थोड़ा और उदाहरण को देखते हैं:

Part of Speech – Hindi Name – English Example – Hindi Meaning

Noun (संज्ञा) – Ram, book, city – राम, पुस्तक, शहर

Pronoun (सर्वनाम) – He, she, they – वह, वे

Verb (क्रिया) – run, eat, write – दौड़ना, खाना, लिखना

Adjective (विशेषण) – beautiful, tall, red – सुंदर, लंबा, लाल

Adverb (क्रिया-विशेषण) – quickly, slowly, very – जल्दी, धीरे, बहुत

Preposition (संबंधसूचक अव्यय) – in, on, under – में, पर, नीचे

Conjunction (समुच्चयबोधक) – and, but, because – और, लेकिन, क्योंकि

Interjection (विस्मयादिबोधक) – Wow!, Alas!, Hurrah! – वाह!, हाय!, हुर्रे!

Parts of Speech (शब्द भेद) को याद रखने की ट्रिक:-

“N P V A A P C I”

N = Noun (संज्ञा)

P = Pronoun (सर्वनाम)

V = Verb (क्रिया)

A = Adjective (विशेषण)

A = Adverb (क्रिया-विशेषण)

P = Preposition (संबंधबोधक)

C = Conjunction (समुच्चयबोधक)

I = Interjection (विस्मयादिबोधक)

 

Thank you for visiting “The RSK English Hub” and being a part of our learning community.

A million wishes,

Keep learning…………

🙏धन्यवाद🙏

– Team “The RSK English Hub

 

English Learning Basics: A Complete Guide in Hindi | अंग्रेजी सीखने की मूल जानकारी | 15 Powerful Basic English Learning Facts to Learn English Easily | Avoid Common Mistakes & Master English Fast

Your FAQS :

Q. Learn English Grammar in Hindi कैसे शुरू करें?

उत्तर: सबसे पहले English Alphabet, Parts of Speech, Sentence Structure और Basic Grammar Rules सीखें। उसके बाद Tenses, Voice, Narration आदि का अभ्यास करें।

Q. क्या English Grammar बिना Coaching के सीखी जा सकती है?

उत्तर: हाँ। सही Notes, Examples और नियमित Practice से English Grammar आसानी से सीखी जा सकती है।

Q. English Grammar सीखने में कितना समय लगता है?

उत्तर: यदि प्रतिदिन 30–60 मिनट अभ्यास करें तो 3–6 महीनों में अच्छी पकड़ बनाई जा सकती है।

Q. Beginners के लिए सबसे पहले कौन-सा Topic पढ़ना चाहिए?

उत्तर: English Alphabet, Vowels, Consonants, Parts of Speech और Basic Sentences।

Q. क्या यह पोस्ट Competitive Exams के लिए उपयोगी है?

उत्तर: हाँ। यह पोस्ट SSC, Banking, Railway, Police, NDA, CDS तथा अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए भी उपयोगी है।

Q. क्या इस पोस्ट में सभी English Grammar Topics शामिल हैं?

उत्तर: इसमें English Grammar के प्रमुख Topics सरल हिंदी में उदाहरण सहित शामिल किए गए हैं और समय-समय पर नए Topics जोड़े जा सकते हैं।

Q. Learn English Grammar in Hindi कैसे शुरू करें?

उत्तर: सबसे पहले English Alphabet, Vowels, Consonants, Pronouns, Verbs और Sentence Structure सीखें। उसके बाद Tenses, Parts of Speech और Practice करें।

Q. क्या Beginners इस गाइड से English Grammar सीख सकते हैं?

उत्तर: हाँ। यह गाइड शुरुआती विद्यार्थियों के लिए सरल हिंदी भाषा में तैयार की गई है।

Q. English Grammar सीखने में कितना समय लगता है?

उत्तर: यदि प्रतिदिन 30–60 मिनट अभ्यास करें तो 2–3 महीनों में अच्छी समझ विकसित हो सकती है।

Q. क्या इस लेख में English Alphabet भी समझाया गया है?

उत्तर: हाँ। इसमें Capital Letters, Small Letters, Vowels, Consonants और उनके उपयोग को समझाया गया है।

Q. Punctuation Marks क्यों महत्वपूर्ण हैं?

उत्तर: सही विराम चिन्ह वाक्य का सही अर्थ स्पष्ट करते हैं और गलत अर्थ निकलने से बचाते हैं।

Q. Sentence के मुख्य भाग कौन-कौन से हैं?

उत्तर: Subject (कर्ता), Verb (क्रिया) और Object (कर्म)।

Q. Personal Pronouns कितने प्रकार के होते हैं?
उत्तर: First Person, Second Person और Third Person।

उत्तर: First Person, Second Person और Third Person।

Q. Main Verb और Helping Verb में क्या अंतर है?

उत्तर: Main Verb कार्य को बताती है जबकि Helping Verb समय (Tense) और वाक्य की संरचना को दर्शाती है।

Q. क्या यह लेख Competitive Exams के लिए उपयोगी है?

उत्तर: हाँ। SSC, Banking, Railway, Police, NDA तथा अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए भी उपयोगी है।

Q. Learn English Grammar in Hindi के लिए सबसे पहले क्या पढ़ें?

उत्तर: Alphabet → Pronunciation → Parts of Speech → Sentence → Tenses → Practice।

Queries Solved in This Article:

✓ ADJECTIVE
✓ ADVERB
✓ ALL ENGLISH GRAMMAR IN HINDI 
✓ BASIC ENGLISH
✓ BASIC ENGLISH GRAMMAR
✓ BASIC ENGLISH GRAMMAR IN HINDI
✓ BEGINNERS ENGLISH
✓ CONJUNCTION
✓ CURSIVE WRITING
✓ ENGLISH ALPHABET
✓ ENGLISH COURSE
✓ ENGLISH EDUCATION
✓ ENGLISH FOR BEGINNERS
✓ ENGLISH GRAMMAR COURSE
✓ ENGLISH GRAMMAR COURSE IN HINDI
✓ ENGLISH GRAMMAR EXPLAINED IN HINDI
✓ ENGLISH GRAMMAR FOR BEGINNERS
✓ ENGLISH GRAMMAR IN HINDI
✓ ENGLISH GRAMMAR NOTES
✓ ENGLISH GRAMMAR NOTES IN HINDI
✓ ENGLISH GRAMMAR RULES
✓ ENGLISH GRAMMAR RULES IN HINDI
✓ ENGLISH GRAMMAR TUTORIAL HINDI
✓ ENGLISH LEARNING
✓ ENGLISH LETTERS
✓ ENGLISH PRONUNCIATION
✓ ENGLISH SPEAKING
✓ GRAMMAR RULES
✓ GRAMMAR TUTORIAL
✓ HELPING VERB
✓ HINDI TO ENGLISH
✓ INTERJECTION
✓ LEARN ENGLISH
✓ LEARN ENGLISH GRAMMAR IN HINDI
✓ LEARN ENGLISH THROUGH HINDI
✓ LEARN PARTS OF SPEECH IN HINDI
✓ MAIN VERB
✓ NOUN
✓ PARTS OF SENTENCE
✓ PARTS OF SPEECH
✓ PARTS OF SPEECH 
✓ PERSONAL PRONOUNS
✓ PREPOSITION
✓ PRONOUNS
✓ PUNCTUATION MARKS
✓ SENTENCE TYPES
✓ SPOKEN ENGLISH
✓ SPOKEN ENGLISH GRAMMAR
✓ SUBJECT VERB OBJECT
✓ TENSES
✓ VERB
✓ VOWELS AND CONSONANTS
✓ अंग्रेजी व्याकरण
✓ शब्द-भेद
✓ हिंदी में अंग्रेजी व्याकरण

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top